Greater Noida: दिल्ली में हाल ही में हुई एक हादसे के बाद, उत्तर प्रदेश में अवैध कोचिंग सेंटरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई शुरू हो गई है। शनिवार को दादरी में जिला प्रशासन ने 10 अनधिकृत कोचिंग सेंटरों को बंद कर दिया है। इस अचानक हुई कार्रवाई से जिले के कोचिंग सेंटर्स में हड़कंप मच गया है।
10 कोचिंग सेंटरों को नोटिस जारी
जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) डॉ. धर्मवीर सिंह ने बताया कि जिलाधिकारी द्वारा गठित एक विशेष समिति निरंतर इन अवैध केंद्रों की जांच कर रही है। उनहोंने कहा, “हमने बिना पंजीकरण के चल रहे 10 कोचिंग सेंटरों को नोटिस जारी किया है और उन्हें तुरंत बंद करने का आदेश दिया है।” प्रशासन ने इन केंद्रों के संचालकों को 6 अगस्त तक जवाब देने का समय दिया है। उन्हें यह स्पष्ट करना होगा कि वे बिना आवश्यक मानकों और अनुमतियों के अपने केंद्र कैसे चला रहे थे।
7-8 सेंटर सील
यह कार्रवाई दिल्ली के एक बेसमेंट में स्थित कोचिंग सेंटर में हुई दुर्घटना के बाद शुरू हुई है, जिसने पूरे देश में अवैध शैक्षणिक केंद्रों की ओर ध्यान आकर्षित किया था। डॉ. सिंह ने बताया कि अब तक जिले में लगभग 22 कोचिंग सेंटरों पर कार्रवाई की जा चुकी है, जिनमें से 7-8 को सील किया गया है। उन्होंने कहा, “हम सभी अवैध केंद्रों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रहे हैं।”
नोटिस प्राप्त कोचिंग सेंटरों के नाम
आरएस कोचिंग सेंटर
आरके कोचिंग क्लासेस
मैथ्स जोन
कनिष्का कोचिंग सेंटर
साई स्टडी सर्किल
जीएनआर क्लासेस
आधारशिला
जेबीबीएस कोचिंग
विनोद एजुकेशनल प्वाइंट
स्टडी हब कोचिंग
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गांवों में भी चल रहा अवैध कोचिंग सेंटरों का धंधा
चिंता का एक और विषय यह है कि केवल शहरी क्षेत्रों में ही नहीं, बल्कि ग्रामीण इलाकों में भी इन अवैध केंद्रों की संख्या बढ़ रही है। दादरी, जेवर, जारचा और बिसरख जैसे ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति और भी गंभीर बताई जा रही है। प्रशासन ने सभी अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों को केवल पंजीकृत और मान्यता प्राप्त कोचिंग सेंटरों में ही भेजें। सथ ही, किसी भी अवैध केंद्र के बारे में जानकारी मिलने पर तुरंत स्थानीय अधिकारियों को सूचित करें।

