राहुल गांधी के लंदन वाले बयान पर संसद की दोनों सदनें राज्यसभा और लोकसभा जबरदस्त बवाल के बाद दो दिन से स्थगित हो रहीं हैं। भाजपा लगातार राहुल गांधी पर हमलावर है। मंगलवार को राज्यसभा में सदन के नेता पीयूष गोयल ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि राहुल गांधी को सदन से, देश से माफी मांगनी होगी। बीजेपी सांसद और केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने भी पीयूष गोयल की बात का समर्थन किया।
इन दिनों देश में सियासी वॉर की आग तेज फैली हुई है। भाजपा और कांग्रेस के बीच भी महाभारत का युद्ध चल रहा है। अब केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा, उन्होंने विदेशी धरती पर जाकर भारत के लोकतंत्र में हस्तक्षेप की मांग की है, और इसके लिए वह माफी मांगें।
स्मृति ईरानी ने आज एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा राहुल ने भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं की धज्जियां उड़ाते हुए वहां ये खेद व्यक्त किया कि आखिर क्यों विदेशी ताकतें आकर भारत पर धावा नहीं बोलती हैं। स्मृति ईरानी ने राहुल गांधी पर तीखे वार करते हुए कहा मैं राहुल गांधी से सवाल पूछना चाहती हूं, आपने विदेश में जाकर कहा था कि देश में उनको किसी विश्वविद्यालय में बोलने का अधिकार नहीं है, अगर ऐसा है तो 2016 में दिल्ली के एक विश्वविद्यालय में भारत तेरे टूकड़े होंगे का नारा लगने के समय वह वहां क्यों गये थे, उन्होंने वहां जाकर किसका समर्थन किया था। और वह क्या था?
स्मृति ईरानी ने कहा कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को देश की संसद से माफी मांगनी चाहिए, उन्होंने विदेश जाकर, देश और उसकी संस्थाओं को अपमानित करने का काम किया है। राहुल, मोदी विरोध में देश विरोधी हो गये और लंदन में वह लोकतंत्र का अपमान कर बैठे। स्मृति ईरानी ने कहा, राहुल गांधी ने एक ऐसे देश में जाकर आह्वान किया है जिनका भारत को गुलाम बनाने का इतिहास रहा है।

