गाजियाबाद के IMS कॉलेज में BBA First Year के छात्र ने फांसी देकर अपनी जान ले ली। महज 20 साल की उम्र में अपनी जान को दांव पर लगा दिया। छात्र कॉलेज से पढ़ाई कर के अपने हॉस्टल रूम में लौटा और रूम लॉक कर के उसने पंके से लटककर अपनी जान दे दी। शुभम के साथ उसके रूम में एक और सहपाठी भी रहता था लेकिन होली की वजह से पहले ही वो छुट्टी पर अपने घर चला गया।
हालांकि सुसाइडल प्लेस पर कोई भी नोट नहीं मिला कि किस वजह से उसने इतना बड़ा कदम उठा लिया, उसके दोस्तों से जब पूछा गया कि ऐसी क्या वजह थी जो उसने ये कदम उठाया तो उसको दोस्तों ने बताया कि छात्र किसी पारिवारिक बात को लेकर तनाव में था। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजकर जांच में जुट गई है।
IMS कॉलेज दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे के किनारे डासना में स्थित है। 20 साल की उम्र का ये छात्र शुभम झारखंड के झुमरी तलैया का रहने वाला था, अपने घर से दूर वो कॉलेज पढ़ाई करने के लिए आया था, अपनी आंखों में उंचे सपने लेकर आया था लेकिन परेशानी में सारे सपने छात्र के चकनाचूर हो गए। सुसाइड के सभी बिंदुओ को पुलिस जांच रही है।
शुभम ने गुरूवार की देर शाम खुद को फांसी लगा ली थी, जब उसके सहपाठी उसके रूम के पास से गुजरे तो उन्होनें देखा कि शुभम का शव पंखे से लटका हुआ तुरंत कॉलेज के सहपाठियों ने कॉलेज मैनेजमेंट को सूचित किया इसके बाद पुलिस को बुलाया गया और कड़ी मशक्कत के बाद दरवाजा खोला गया और शव को नीचे उतारा गया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट के बाद बाकी की चीजें साफ हो पाएंगी।
पुलिस को लोकेशन से कोई भी सुसाइड नोट नहीं मिला है। कॉलेज को कुछ दिनों के लिए बंद कर दिया है। जिससे बाकी के बच्चे परेशान ना हो। पुलिस मामले की जांच में लगातार जुटी हुई है।

