प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण में प्रचार खत्म होने के बाद शनिवार को तमिलनाडु के कन्याकुमारी में विवेकानंद रॉक मेमोरियल में 45 घंटे का ध्यान पूरा किया। पीएम मोदी का यह ध्यान 30 मई को शुरू हुआ और 1 जून तक करीब 45 घंटे तक चला। ध्यान के समापन के बाद, प्रधानमंत्री ने अपनी आध्यात्मिक यात्रा, 2024 के लोकसभा चुनाव और भारत के भविष्य पर विचार करने के लिए एक letter लिखा।
सोशल मीडिया पर दी जानकारी
अपने इस संकल्प पत्र जानकारी पीएम ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म X पर दी। पीएम ने X ने पर लिखा कि संगमों के संगम की धरती कन्याकुमारी में भारत माता के सान्निध्य में मुझे साधना का जो सौभाग्य मिला, वह मेरे जीवन की एक अमूल्य पूंजी है। यहां चिंतन-मनन से हृदय में जो भाव उत्पन्न हुए, उसे शब्दों में पिरोने का प्रयास किया है
संकल्प letter में क्या हैं ?
पीएम ने अपने पत्र में लिखा कि मेरे प्यारे देशवासियों, लोकतन्त्र की जननी में लोकतन्त्र के सबसे बड़े महापर्व का एक पड़ाव आज 1 जून को पूरा हो रहा है। तीन दिन तक कन्याकुमारी में आध्यात्मिक यात्रा के बाद, मैं अभी दिल्ली जाने के लिए हवाई जहाज में आकर बैठा ही हूं…काशी और अनेक सीटों पर मतदान चल ही रहा है। कितने सारे अनुभव हैं, कितनी सारी अनुभूतियां हैं…मैं एक असीम ऊर्जा का प्रवाह स्वयं में महसूस कर रहा हूं। पढिए पीएम का पूरा पत्र
दिल्ली वापसी के दौरान पीएम ने लिखे letter
ध्यान साधना के बाद प्रधानमंत्री जब वापस कन्याकुमारी से दिल्ली लौट रहे थे तब उन्होंने अपने नए विचारों को शब्दों का रूप दिया। प्रधानमंत्री दिल्ली लौटे समय विमान में 4:15 मिनट से लेकर 7 बजे के बीच उन्होंने अपने letter लिखे थे।

