Noida: स्कूली छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए गौतमबुद्ध नगर परिवहन विभाग ने असुरक्षित और अनाधिकृत स्कूल बसों को निशाना बनाकर विशेष अभियान चलाया है। सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) उदित नारायण ने बताया कि एक सप्ताह तक चलने वाले इस अभियान का मुख्य उद्देश्य स्कूल आने-जाने वाले छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। अभियान के दौरान विभाग ने 76 बसों के खिलाफ कार्रवाई की, 55 बसों पर जुर्माना लगाया और 21 बसों को जब्त किया।
खामियों के कारण बसें जब्त की गईं
एआरटीओ उदित नारायण ने बताया कि जब्त बसों के संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू की गई है। निरीक्षण के दौरान कुछ बसें फिटनेस टेस्ट में फेल पाई गईं, जबकि अन्य के पास जरूरी परमिट नहीं थे। उत्तर प्रदेश सरकार ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि जब तक सभी मुद्दे हल नहीं हो जाते, किसी भी तरह की कमी वाले वाहनों को नहीं छोड़ा जाएगा।
बस संचालकों को नोटिस जारी
विभाग ने 265 स्कूल बसों के संचालकों को भी नोटिस जारी किया है, जिनकी संचालन अवधि समाप्त हो चुकी है। इन बसों को संचालकों ने आवश्यकता के अनुसार स्क्रैप या ट्रांसफर नहीं किया है। विभाग ने संचालकों को निर्देश दिया है कि वे बसों को स्क्रैप या ट्रांसफर कर दें।
छात्र सुरक्षा के लिए निरंतर कार्रवाई
एआरटीओ उदित नारायण ने जोर देकर कहा कि विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी। यह पहल बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने और सुरक्षित परिवहन सेवाएं प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
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छात्र सुरक्षा से कोई समझौता नहीं
नोएडा परिवहन विभाग द्वारा चलाया गया यह विशेष अभियान विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। 76 बसों के खिलाफ की गई कार्रवाई असुरक्षित और अनधिकृत बसों को सड़कों से हटाने के लिए विभाग की प्रतिबद्धता को रेखांकित करती है। संचालकों को नोटिस जारी करके और खामियों वाली बसों को जब्त करके विभाग ने स्पष्ट संदेश दिया है कि विद्यार्थियों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

