राष्ट्रीय जांच एजेंसी(NIA) ने 8 राज्यों में 70 से अधिक स्थानों पर छापेमारी की कार्रवाई की है जिन राज्यों में धरपकड़ और जांच की जा रही है उनमें शामिल हैं- पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, गुजरात और मध्य प्रदेश। अब तक जानकारी के मुताबिक, एनआईए द्वारा गैंगस्टर और उनके आपराधिक सिंडिकेट के खिलाफ यह अभियान चलाया गया है। विस्तृत विवरण की प्रतीक्षा है। गैंगस्टर और उनके आपराधिक सिंडिकेट के खिलाफ इससे पहले छापे मारे जा चुके हैं।
देश में लगातार जारी है एनआईए का एक्शन
देश में राष्ट्रीय जांच एजेंसी का एक्शन लगातार जारी है। इससे एक दिन पहले गुजरात में वर्ष 2021 में मुंद्रा पोर्ट पर मादक पदार्थ जब्ती के मामले में एनआईए ने सोमवार को 22 आरोपितों के खिलाफ दूसरा पूरक आरोपपत्र दाखिल किया। इसमें सात अफगान नागरिक और सात कंपनियां भी शामिल हैं। NIA ने पंजाब में कनाडा में बैठकर आतंक फैला रहे लखबीर लंडा के अलावा गैंगस्टर लॉरेंस और गोल्डी बराड़ के करीबियों के ठिकानों पर दबिश दी है। कुछ दिन पहले ही लखबीर लंडा को NIA ने आतंकी घोषित किया है और लगातार उसके करीबियों पर नजर रखी जा रही थी। जिसके बाद तरनतारन, फिरोजपुर के अलावा मालवा के कुछ शहरों में NIA ने दबिश दी है।
जानकारी के मुताबिक, एनआईए के टारगेट पर लॉरेंस बिश्नोई, दिलबाग सिंह और सुरेंद्र उर्फ चीकू समेत कई गैंगस्टरों के ठिकाने हैं। अकेले पंजाब में ही 30 ठिकानों पर NIA की रेड चल रही है। आपको बता दें कि भारत में गैंगस्टर और आतंकियों के बीच एक सिंडिकेट काम कर रहा है, जिसे तोड़ने के लिए पिछले 6 महीने में NIA की ये तीसरी बड़ी छापेमारी है. लॉरेंस बिश्नोई गैंग के सदस्यों से लगातार पूछताछ की जा रही है और उसी डिटेल पर रेड की गई है. अभी तक की जांच से पता चला है कि लॉरेंस, दिलबाग सिंह और सुरेंद्र जैसे गैंगस्टरों ने कई लोगों को पैसा उगाही के धंधे में लगाया था. एनआईए ने ऐसे लोगों की पहचान भी कर ली है.
आपको जानकारी के लिए बता दें कि कि गैंगस्टरों की लिस्ट में आम लोग, बिजनेसमैन, सिंगर, डॉक्टर, अवैध माइनिंग करने वाले, शराब का धंधा करने वाले, हथियार का धंधा करने वाले और ड्रग नेटवर्क चलाने वाले लोग शामिल थे। लॉरेंस के सदस्यों ने पूछताछ में ये भी बताया है कि बिश्नोई गैंग इस तरीके से ऑपरेट करता था, ताकि आम जनता के मन में एक खौफ पैदा हो सके।
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो आतंकी समूह गैंगस्टरों को फंडिंग और हथियार सप्लाई करते हैं. गैंगस्टरों के पास पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के अलावा उत्तर प्रदेश से भी हथियारों की सप्लाई की जाती है। इन राज्यों में लॉरेंस बिश्नोई, दिलबाग सिंह के साथ-साथ लखबीर लांडा और गोल्डी बराड़ भी अपनी दहशत फैलाना चाहते हैं। एनआईए ने इनके ठिकानों पर भी छापेमारी की है। बता दें कि गोल्डी बराड़ ने ही सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड की साजिश रची थी। वहीं कुछ दिन पहले एनआईए ने कनाडा में बैठे लखबीर लांडा को आतंकी घोषित किया था।
पिछले 3 महीने में NIA ने अलग-अलग ठिकानों पर रेड कर 75 मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। इन मोबाइल फोन में ही मोस्ट वांटेड गैंगस्टरों का कच्चा-चिट्ठा मौजूद है।मंगलवार को की गई रेड का आधार भी यही माना जा रहा है।

