AAP पार्टी के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया को रविवार को सीबीआई की हिरासत में ले लिए गए जिसके बाद से पार्टी नें भाजपा को घेरना शुरू कर दिया है। सीएम केजरीवाल ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि कि मुझे बताया गया है कि सीबीआई के ज्यादातर अफसर सिसोदिया की गिरफ्तारी के खिलाफ थे, क्योंकि सिसोदिया के खिलाफ सबूत नहीं हैं और ये अफसर उनकी इज्जत करते हैं, लेकिन राजनीतिक दबाव इतना ज्यादा था, कि उन्हें अपने राजनीतिक बॉस की बात माननी पड़ी।
वहीं रविवार को जब सीबीआई सिसोदिया से पूछताछ कर रही थी तो आप पार्टी के नेता ऑफिस के आगे धरने पर बैठ गए जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया था लेकिन आज सभी 36 नेताओं को रिहा कर दिया गया है। पार्टी के सांसद संजय सिंह ने मीडिया से बातचीत करते हुए भाजपा पर कड़ा निशाना साधा और कहा मैं PM से पूछना चाहता हूं कि आप अपने मुंह से अडानी का नाम क्यों नहीं लेते?आपके पास हिम्मत नहीं कि आप अडानी के खिलाफ कार्रवाई कर सकें। उनकी सरकार अडानी की नौकर है और हम उनसे नहीं डरते हैं। आपको जितना जेल में डालना हो डालिए लेकिन आपके भ्रष्टाचार के खिलाफ हम लड़ते रहेंगे।
मनीष सिसोदिया को गिरफ्तार करना मोदी की सरकार का कायरतापूर्ण परिचय है, ये उनकी कायरतापूर्ण कार्रवाई है और दूसरी तरफ मोदी जी के मित्र अडानी है जिन्होंने लाखों-करोड़ का घोटाला किया लेकिन उनके ऊपर कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। सिसोदिया की गिरफ्तारी को लेकर पार्टी के कार्यकर्तओं ने नेताओं ने हल्लाबोल शुरू कर दिया है। केवल दिल्ली ही नहीं जहां भी आप की सरकार हैं वहां लोग प्रदर्शन के लिए इक्ट्ठा हो चुके।
भोपाल में आप का प्रदर्शन जारी है, वहीं चंडीगढ़ में भी प्रदर्शन करने के लिए लोग जुट रहें हैं। लखनऊ में भी 2.30 बजे से प्रदर्शन होगा। मनीष सिसोदिया का मेडिकल टेस्ट भी कराया गया, उनका मेडिकल टेस्ट सीबीआई के ऑफिस में ही हुआ अब 2 बजे उन्हें रॉउज एवन्यू कोर्ट में पेश किया जाएगा। सीबीआई सूत्रों ने साफ किया कि सिसोदिया को फिजिकली पेश किया जाएगा
वहीं सिसोदिया की गिरफ्तारी पर तगड़ी राजनीति भी शुरू हो गई है, भाजपा सांसद मीनाक्षी लेखी लेखी ने कहा कि कम से कम अपने पाप छुपाने के लिए भगत सिंह जैसे व्यक्तित्व का नाम प्रयोग में मत लाएं। जो धर्म का वास्ता देते हैं तो अधर्म का नाश करने के लिए रास्ता अपनाना पड़ता है। वहीं अखिलेश यादव ने भाजपा पर कड़ा निशाना साधते हुए कहा यह कोई पहली घटना नहीं है। केंद्र सरकार एजेंसियों को लगातार गलत इस्तेमाल कर रही है। मनीष सिसोदिया देश की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत कर रहे थे, उन पर संवैधानिक संस्थओं का गलत उपयोग हो रहा है। सुधार करने वाले जेल जा रहे हैं। बीजेपी को बताना चाहिए कि वो मित्र के साथ क्यों खड़े हैं?’

