Greater Noida News : ग्रेटर नोएडा दादूपुर गांव के सरिया स्क्रैप माफिया रवि काना के गिरोह के काले कारोबार में लिप्त 22 ट्रक-कंटेनर पुलिस के कब्जे में हैं। अधिकांश ट्रकों-कंटेनरों पर जेएसआर लिखा है। खास बात यह है कि इससे पहले जेएसआर लिखे ट्रक को देखकर पुलिस रास्ता छोड़ देती थी। जेएसआर नाम की गाजियाबाद में ट्रांसपोर्ट कंपनी है।
पुलिस ने 20 ट्रक सरिया स्क्रैप से भरे और दो खाली ट्रक बरामद किए
रवि काना की कंपनी का जीएसटी रजिस्ट्रेशन आदि बुलंदशहर निवासी सूरज के नाम था। सूरज रवि काना के बदमाश अवध उर्फ बिहारी के साथ मिलकर कई काम देखता था। इसके अलावा जमीन खरीदकर काली कमाई खपाने वाले भी कई नाम पुलिस को मिले हैं। मंगलवार रात भर पुलिस ने कार्रवाई कर ईकोटेक-1 थाना क्षेत्र स्थित कंपनी, पौवारी गांव स्थित गोदाम और बिसरख कोतवाली क्षेत्र के चेरी काउंटी के पास पांच हजार वर्गमीटर में बनी दफ्तर वाली कंपनी में कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान ही पुलिस ने 20 ट्रक सरिया स्क्रैप से भरे और दो खाली ट्रक बरामद किए।
गाजियाबाद में भी सात साल पहले पुलिस ने रवि काना गिरोह पर कार्रवाई करते हुए 48 ट्रक सरिया स्क्रैप से भरे पकड़े थे। इसके चलते पुलिस गाजियाबाद में गिरोह की सक्रियता तलाश रही है। सूरज मूलरूप से बुलंदशहर के औरंगाबाद का बताया गया है उसके नाम से वर्ष 2017 में कंपनी का रजिस्ट्रेशन हुआ था। बताया गया सूरज, रवि का रिश्ते का भाई है इसके चलते उसके आधार कार्ड और पेनकार्ड ईकोटेक- 1 तलाश वाली कंपनी के पते पर बने हैं। सूरज का नाम सेक्टर-39 और बीटा-2 थाने में दर्ज केस में वर्ष नहीं है।
पुलिस सूरज की संलिप्ता के साक्ष्य जुटाने का कर रही प्रयास
पूर्व में नोएडा के सेक्टर-80 में रहने वाला अवध उर्फ बिहारी भी गिरोह के लिए कई काम करता है। अगर कोई पुलिसकर्मी गिरोह के ट्रक आदि पकड़ता है, तो अवध उनकी शिकायत आलाधिकारियों से कर जांच खुलवा देता है। पुलिस सूरज की संलिप्ता के साक्ष्य जुटाने का प्रयास कर रही है।

