यूपी मिशन शक्ति अभियान का शुभारंभ उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सन 2020 में किया गया था। आज मिशन शक्ति अभियान का चौथा चरण(4.0) की शुरुआत शारदीय नवरात्र से की गई। गाजियाबाद कमिश्नरेट में विधायिका मंजू शिवाच के द्वारा हरी झंडी दिखाकर महिला सशक्तिकरण ( women empowerment) रैली को रवाना किया गया। जिसमें गाजियाबाद कमिश्नरेट में महिला पुलिस कर्मियों ने स्कूटी और गाड़ियों के साथ मिशन शक्ति के तहत काफिले को निकाला।
महिला पुलिसकर्मियों ने हर चौराहे पर महिलाओं को किया जागरूक
पूरे गाजियाबाद में महिला पुलिस कर्मियों के द्वारा भ्रमण किया गया हर चौराहे पर महिलाओं को जागरूक किया गया पंपलेट बांटे गए साथ ही महिला को मजबूत बनाने के लिए हेल्पलाइन नंबर्स की जानकारी दी साथ ही महिला पुलिस कर्मियों के द्वारा महिलाओं को अलग-अलग योजनाओं के बारे में जानकारी भी दी गई चाहे हम बात करें मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना की निराश्रित महिला पेंशन योजना बैंकिंग कॉरेस्पोंडेंस सखी योजना रानी लक्ष्मीबाई बाल एवं महिला सम्मान कोष एवं अन्य योजनाओं के बारे में महिलाओं को जानकारी देकर जागरूक किया गया।
योगी सरकार ने यूपी में पिछले साल से मिशन शक्ति पहल की शुरूआत की
योगी सरकार ने यूपी में महिला अपराध पर रोक लगाने के लिए “मिशन शक्ति” नामक पहल की शुरुआत पिछले साल अक्टूबर से की थी। अभियान के पहले चरण में महिला सुरक्षा और सशक्तीकरण के सम्बन्ध में व्यापक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। वहीं दूसरे चरण में अभियान को ऑपरेशन के रूप में संचालित किया किया। इस तरह इस पूरे मिशन को चरणों में बांटकर योगी सरकार ने काम शुरू किया। मिशन शक्ति शुरू होने के बाद यूपी में इसके परिणाम भी सामने आ रहे हैं। महिलाओं में अपने अधिकार और कानून के प्रति जागरूकता आ रही है। सरकार की मानें तो महिला अपराधों पर भी लगाम लगी है। योगी का मिशन शक्ति एक सफल मिशन बताया जा रहा है।
महिलाओं व बेटियों से जुड़ी आपराधिक घटनाओं को लिया जाए संवेदनशीलता के साथ (CM Yogi)
यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के भीतर महिलाओं से जुड़े अपराधों को गम्भीरता से लेने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि महिलाओं व बेटियों से जुड़ी आपराधिक घटनाओं को संवेदनशीलता के साथ लिया जाए। इतना ही नहीं, ऐसी घटनाओं के सामने आने पर तत्काल संज्ञान में लेते हुए त्वरित कार्रवाई की जाए।
मिशन शक्ति का यह है उद्देश्य
उत्तर प्रदेश सरकार के मिशन शक्ति अभियान का उद्देश्य महिलाओं और लड़कियों को जागरूक करना है उन्हें स्वावलंबी बनाना है। इसके अलावा महिलाओं के प्रति हिंसा करने वाले लोगों की पहचान उजागर करना, महिलाओं को राज्य में सुरक्षित महसूस कराना है। मिशन के अंतर्गत महिलाओं और बच्चों से संबंधित मुद्दों पर जागरूक करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। महिलाओं और बालिकाओं के सुरक्षा , सम्मान, और स्वावलंबन के लिए, सरकार स्तर पर कई अभियान और कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं।
मिशन शक्ति के विषय में मुख्य बिंदु
महिलाओं और बच्चियों से जुड़े केसों को तेजी से सुनवाई करने के लिए उन्हें फास्ट ट्रैक पर ले जाने का प्रयास करना।
रेप केसों को सबसे पहले प्राथमिकता देना और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देना।
सभी विभागों को एक साथ मिलाकर महिलाओं को कोई परेशानी नहीं होने देने के लिए अभियान चलाना।
उत्तर प्रदेश में 24 विभागों को चुनना, जो सरकारी, स्थानीय, और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर महिलाओं के हित में काम कर रहे हैं।
महिलाओं के साथ अपराध करने वालों को कोर्ट के द्वारा सजा हो जाने के बाद उनकी तस्वीरें सभी चौराहों पर लगाना और पहचान करना।
मनचलों और शोहदों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करके उन्हें पकड़ना और जेल भेजना। सभी पुलिस स्टेशनों में महिलाओं के लिए एक अलग हेल्पडेस्क स्थापित करना, जिसमें अधिकारी भी महिलाएं हो और सिपाही भी महिलाएं हों।

