Delhi NCR Pollution News: दिवाली की रात हुई आतिशबाजी ने दिल्ली-एनसीआर की हवा को जहरीला बना दिया है। गुरुवार को त्योहार मनाने के बाद शुक्रवार सुबह वायु प्रदूषण का स्तर काफी बढ़ गया, जिससे लोगों को सांस लेने में दिक्कत हुई। पटाखों पर प्रतिबंध के बावजूद रात भर आतिशबाजी जारी रही, जिससे सुबह शहर में धुंध की मोटी चादर छा गई। दिवाली के अगले ही दिन दिल्ली-एनसीआर में दमघोंटू हवा ने सांस लेना मुश्किल कर दिया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि धूम्रपान न करने पर भी उन्हें सांसों में धुआं महसूस होता है, मानो पूरा इलाका ‘स्मोक बार’ में बदल गया हो।
दिल्ली-एनसीआर में स्थिति
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की रिपोर्ट के अनुसार शुक्रवार सुबह 11 बजे दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 328 दर्ज किया गया, जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है। एनसीआर के अन्य शहरों में भी खतरनाक स्थिति देखी गई, नोएडा में 257, ग्रेटर नोएडा में 253, गाजियाबाद में 273, फरीदाबाद में 251 और गुरुग्राम में 296 AQI दर्ज किया गया। हापुड़ (236), मेरठ (202), बुलंदशहर (232) और बागपत (259) जैसे आस-पास के शहरों में भी वायु गुणवत्ता खराब श्रेणी में दर्ज की गई। विशेष रूप से, दिल्ली और गुरुग्राम में प्रदूषण का स्तर सबसे अधिक रहा।
यह भी पढ़ें: Ayodhya Dipotsav: अयोध्या दीपोत्सव, 25 लाख से अधिक दीयों का प्रज्वलन, बने दो नए विश्व रिकॉर्ड
आने वाले दिनों में और खराब होंगे हालात
विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में यह स्थिति और भी गंभीर हो सकती है, क्योंकि सर्दियों के मौसम में वायु प्रदूषण का स्तर स्वाभाविक रूप से बढ़ जाता है। नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे बाहर निकलते समय मास्क का उपयोग करें और अनावश्यक बाहरी गतिविधियों से बचें।

