Greater Noida News: गाजियाबाद भवानी टाइगर्स ने अपना पहला प्रो क्रिकेट लीग खिताब जीता है। उम्मीद थी कि पूरे टूर्नामेंट में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाली सहगल की दिल्ली डेमन्स कड़ी चुनौती पेश करेगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। एकतरफा मुकाबले में गाजियाबाद ने दिल्ली को छह विकेट से हराकर पहली बार चैंपियनशिप अपने नाम की। ग्रेटर नोएडा के शहीद विजय सिंह पथिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में रविवार शाम को दिल्ली की टीम ने पहले बल्लेबाजी की और निर्धारित 20 ओवरों में 7 विकेट पर 148 रन ही बना सकी। शाहबाज नदीम ने बेहतरीन गेंदबाजी की और दिल्ली को कोई बढ़त नहीं लेने दी। जवाब में गाजियाबाद भवानी टाइगर्स ने 16.3 ओवरों में लक्ष्य हासिल कर 149 रन बनाकर खिताब अपने नाम कर लिया।
नदीम की शानदार गेंदबाजी
गाजियाबाद के कप्तान हितेश शर्मा ने टॉस जीतकर दिल्ली को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। पिच पर अब तक बल्लेबाजी के लिए अनुकूल स्थिति थी। यह निर्णय सही साबित हुआ, क्योंकि दिल्ली के पहले तीन विकेट मात्र आठ रन पर गिर गए। सलामी बल्लेबाज अभिजीत शर्मा बिना खाता खोले शाहबाज नदीम की गेंद पर एलबीडब्लू आउट हो गए। अगले ओवर में अमित नागर ने सरुल कंवर को शून्य पर आउट कर दिया। मोहम्मद सुल्तान अंसारी को पीटर ट्रेगो ने मात्र सात रन पर आउट कर दिया।
रोबिन और शिवम ने संभाला, फिल मस्टर्ड विफल
उम्मीद थी कि कप्तान फिल मस्टर्ड एक बार फिर संकटमोचक की भूमिका निभाएंगे, जैसा कि उन्होंने पिछले मैचों में किया था। हालांकि उन्होंने रॉबिन बिष्ट के साथ पारी को संभालना शुरू किया, लेकिन हितेश शर्मा ने उन्हें आउट कर दिल्ली को बड़ा झटका दिया। मस्टर्ड सात गेंदों पर केवल सात रन ही बना सके। रॉबिन ने संभलकर खेलते हुए पारी को संभाला और नदीम की गेंद पर आउट होने से पहले 29 गेंदों पर चार चौकों और एक छक्के की मदद से 39 रन बनाए।
शिवम शर्मा नाबाद रहे और उन्होंने 35 गेंदों पर तीन चौकों और दो छक्कों की मदद से 48 रन बनाकर टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। अंकित डबास ने 10 रन जोड़े, जबकि दिनेश शर्मा ने दो छक्कों की मदद से 23 रन का योगदान दिया। शाहबाज नदीम ने शानदार गेंदबाजी करते हुए अपने चार ओवरों में एक मेडन सहित मात्र 14 रन देकर तीन विकेट चटकाए।
कप्तान हितेश ने तेज शुरुआत दी
जवाब में गाजियाबाद ने आक्रामक शुरुआत की, जिससे संकेत मिला कि वे खेल को जल्दी खत्म करना चाहते हैं। सलामी बल्लेबाज विकास ने 13 गेंदों पर एक चौके और एक छक्के की मदद से 15 रन बनाए। दूसरे छोर पर कप्तान हितेश शर्मा विशेष रूप से आक्रामक रहे, उन्होंने 16 गेंदों पर छह चौकों और दो छक्कों की मदद से 40 रन बनाए, जिससे टीम को मजबूत शुरुआत मिली। इसके बाद पीटर ट्रेगो ने 32 गेंदों पर सात चौकों और दो छक्कों की मदद से नाबाद 59 रन बनाकर टीम को पहली बार खिताब दिलाने की जिम्मेदारी संभाली। प्रतीक रमन ने 16 गेंदों पर तीन चौकों और एक छक्के की मदद से 23 रन बनाए, जबकि नितिन आठ रन बनाकर नाबाद रहे।

