हाथरस कांड के बाद मुख्य आरोपी और सहयोगी देव प्रकाश मधुकर की गिरफ्तारी के बाद भोले बाबा पहली बार सामने आए। शनिवार सुबह उन्होंने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा, 2 जुलाई की घटना के बाद से हम बहुत दुखी हैं। भगवान हमें इस दुख से उबरने की शक्ति दें। सभी अधिकारियों और प्रशासन पर भरोसा है। हमें विश्वास है कि जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। हमारी समिति मृतक और घायलों के परिवारों की आजीवन सहायता करेगी।
मुख्य आरोपी देव प्रकाश मधुकर ने किया आत्मसमर्पण
भोले बाबा का यह बयान हाथरस कांड के मुख्य आरोपी देव प्रकाश मधुकर द्वारा शुक्रवार देर रात दिल्ली के एक अस्पताल में पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करने के बाद आया है, जिसकी पुष्टि भोले बाबा के वकील एपी सिंह ने की है। उन्होंने कहा, देव प्रकाश को दिल की बीमारी है और वह ठीक नहीं था। यूपी पुलिस ने उस पर एक लाख का इनाम घोषित किया था।
लापरवाही और कुप्रबंधन के कारण हादसा हुआ : SIT
हाथरस कांड की जांच कर रही एसआईटी के प्रमुख ने शुक्रवार को कहा कि लापरवाही और कुप्रबंधन के कारण यह हादसा हुआ और अधिकारी स्थिति को समझने में विफल रहे। रिपोर्ट में जिले के वरिष्ठ अधिकारियों समेत 90 लोगों के बयान दर्ज किए गए हैं। अब तक जुटाए गए साक्ष्यों से कार्यक्रम के आयोजकों की संलिप्तता सामने आ रही है। कुलश्रेष्ठ ने कहा कि इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता कि इसमें कोई साजिश थी।
हाथरस मामले में अब तक 7 गिरफ़्तारी
आगरा जोन के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक अनुपम कुलश्रेष्ठ हाथरस कांड की जांच कर रही तीन सदस्यीय एसआईटी के प्रमुख हैं। विस्तृत जांच जारी है और रिपोर्ट शासन को सौंपी जाएगी। हाथरस कांड के बाद पुलिस ने 4 जुलाई को बाबा के 6 साथियों को गिरफ्तार किया था, जिनमें 2 महिलाएं भी शामिल थीं। देव प्रकाश की गिरफ्तारी के साथ ही अब गिरफ्तारियों की कुल संख्या 7 हो गई है।

