UP News: गोरखपुर के शहीद अशफाक उल्ला खां प्राणी उद्यान में एक बाघिन की रहस्यमयी मौत के बाद उसमें बर्ड फ्लू (एवियन इन्फ्लूएंजा) की पुष्टि होने से पूरे उत्तर प्रदेश में हड़कंप मच गया है। इसके मद्देनज़र राज्य सरकार ने एहतियात के तौर पर प्रदेश के सभी चिड़ियाघरों और इटावा लायन सफारी को 14 मई से 20 मई तक अस्थायी रूप से बंद कर दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस संबंध में अधिकारियों को सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
वन्य जीवों की बढ़ाई गई निगरानी
वन विभाग की प्रमुख वन संरक्षक (वन्यजीव) अनुराधा वेमुरी ने बताया कि लखनऊ, कानपुर, गोरखपुर और इटावा स्थित चिड़ियाघरों को सात दिनों तक पर्यटकों के लिए बंद किया गया है। इस दौरान वन्यजीवों की सघन निगरानी की जा रही है। जानवरों को अब नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के बाद ही भोजन दिया जा रहा है और किसी भी असामान्य गतिविधि पर विशेष नजर रखी जा रही है।
जांच के लिए गठित हुई विशेषज्ञों की टीम
पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, इस गंभीर मामले की विस्तृत जांच के लिए सेंट्रल जू अथॉरिटी ने विशेषज्ञों की एक पांच सदस्यीय टीम गठित की है। इसमें पशुपालन मंत्रालय, वाइल्डलाइफ हेल्थ मैनेजमेंट विभाग, वाइल्डलाइफ इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (देहरादून), ICAR-बरेली और भोपाल के पैथोलॉजिस्ट शामिल हैं। यह टीम आगामी 15 दिनों में अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी, जिसके आधार पर आगे की रणनीति तय की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने दिए कड़े निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (UP News) ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सभी चिड़ियाघरों और सफारी पार्कों में नियमित रूप से सैनिटाइजेशन कराया जाए। पशुओं के स्वास्थ्य की बार-बार जांच हो और उनके भोजन और पानी के स्रोतों की भी सघनता से जांच की जाए। इसके अलावा कर्मचारियों को मास्क, दस्ताने और PPE किट पहनकर काम करने का आदेश दिया गया है।
पोल्ट्री फार्मों पर भी कड़ी नजर
उत्तर प्रदेश के वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने पुष्टि की है कि बाघिन की मौत का कारण बर्ड फ्लू ही है। इसके बाद राज्य भर में पोल्ट्री फार्मों पर भी निगरानी कड़ी कर दी गई है, ताकि संक्रमण की रोकथाम की जा सके। लखनऊ चिड़ियाघर की निदेशक अदिति सिंह ने बताया कि राजधानी के चिड़ियाघर में अभी तक बर्ड फ्लू का कोई मामला सामने नहीं आया है, लेकिन एहतियात के तौर पर वहां भी आम नागरिकों का प्रवेश बंद कर दिया गया है।
स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि यदि वे किसी मृत या बीमार पक्षी को देखें, तो तुरंत स्थानीय प्रशासन या वन विभाग को सूचित करें। साथ ही किसी भी प्रकार की अफवाह से बचने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की सलाह दी गई है।
क्या है बर्ड फ्लू?
बर्ड फ्लू (UP News) एक संक्रामक वायरल बीमारी है जो मुख्यतः पक्षियों को प्रभावित करती है, लेकिन दुर्लभ मामलों में यह स्तनधारियों और इंसानों में भी फैल सकती है। इस वायरस के प्रसार को रोकने के लिए समय पर जागरूकता और सतर्कता बेहद आवश्यक है।
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