जिया खान सुसाइड केस में 10 साल बाद फैसला आया जिसमें सूरज पंचोली को बरी कर दिया गया। अपने पक्ष में फैसला आने पर सूरज पंचोली ने खुशी जाहिर करते हुए पोस्ट शेयर की और लिखा- सच हमेशा जीतता है।

वहीं जिया की मां फैसले से निराश हो गईं लेकिन उनकी हिम्मत नहीं टूटी है उन्होंने कहा कि वो इंसाफ की ये लड़ाई जारी रखेंगी और अपनी बेटी के न्याय के लिए वो हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगी।
3 जून 2013 को एक्ट्रेस ने सुसाइड कर लिया था उनका शव मुंबई स्थित घर पर मिला जिसके बाद कई सवाल खड़े हो गए की ऐसा क्या हुआ कि जिया ने इतनी कम उम्र आत्महत्या जैसा कदम उठा लिया। सूरज पंचोली पहले 1 महीने जेल की हवा काट चुकें हैं 1 जुलाई 2013 को एक्टर को जमानत मिल गई थी।
इस मामले में पुलिस की जांच को लेकर जिया खान की मां राबिया ख़ान संतुष्ट नहीं थी। उनका कहना था की यह मामला हत्या का है और इसकी जांच हत्या का मामला समझकर करनी चाहिए। जिया की मां की अर्जी पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने साल 2014 में मामले की जांच की जिम्मेदारी सीबीआई को दे दी थी।
साल 2015 में सीबीआई ने मामले को जांच कर कोर्ट में सूरज पंचोली के ख़िलाफ़ चार्जशीट दायर थी। इसमें सूरज पंचोली पर एक्ट्रेस को खुदकुशी के लिए उकसाने की धारा 306 के तहत आरोप तय किये गये थे। शुक्रवार 28 अप्रैल 12:30 बजे सीबीआई की विशेष अदालत ने अभिनेता सुरज पंचोली को बरी कर दिया है।

