Noida: कोलकाता में मोमिता देबनाथ के साथ हुई अमानवीय घटना के विरोध में वाईएसएस फाउंडेशन और भोर लीविंग ह्यूमनली फाउंडेशन के बैनर तले युवाओं ने एक प्रभावशाली मोमबत्ती मार्च निकाला। इस मार्च का उद्देश्य न केवल न्याय की मांग करना था, बल्कि समाज में बढ़ती हिंसा के खिलाफ एक स्पष्ट संदेश देना भी था।
इस मोमबत्ती मार्च को समाज में परिवर्तन लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। गौरव सिंघल ने बताया कि इस मार्च का उद्देश्य लोगों को इस घटना के प्रति जागरूक करना और इस गंभीर मुद्दे पर सोचने के लिए प्रेरित करना है। साथ ही, दोषियों को कठोर सजा देने की भी पुरजोर मांग की गई। इस मार्च में “हिंसा के खिलाफ आवाज उठाओ” का संदेश दिया गया।
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एक्सीलेंट एजुकेशनल हब की छात्राओं ने कहा कि मोमिता देबनाथ की घटना ने उन्हें याद दिलाया है कि महिलाओं की सुरक्षा के लिए खड़ा होना और इस मुद्दे पर काम करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने इस समस्या के समाधान के लिए सामूहिक प्रयास की आवश्यकता पर जोर दिया। इस मार्च में युवाओं की भारी भागीदारी देखने को मिली। कार्यक्रम में भोर के निदेशक सुनीता जेटली, निधि ठाकुर, राजेश जेटली सहित कई प्रमुख व्यक्ति और स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।

