पडोसी मुल्क पाकिस्तान से एक बड़ी खबर आई है। पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति डवांडोल चल रही है। महंगाई चरम पर है। कीमतें आसमान छू रही है। इस बीच पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ का बयान काफी चर्चा का विषय बना हुआ है। अंतर्राष्ट्रीय मीडिया से बातचीत करते हुए ख्वाजा आसिफ ने कहा कि पाकिस्तान के वित्त मंत्रालय के पास चुनाव कराने के लिए जरूरी धन नहीं है। अभी पाकिस्तान पैसों की कमी से जूझ रहा है।
दरअसल, पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ की तत्कालीन सरकार ने 14 और 18 जनवरी को पंजाब और खैबर पख्तूनख्वा प्रांतों की विधानसभाओं को भंग कर दिया था। इसके बाद एक मार्च को पाकिस्तान के सर्वोच्च न्यायालय ने विधानसभा भंग होने के 90 दिनों के भीतर दोनों राज्यों में चुनाव कराने का आदेश दिया था। सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के तहत अप्रैल माह में पंजाब और मई में खैबर पख्तूनख्वा में चुनाव होने थे लेकिन अब पाकिस्तान के चुनाव आयोग ने पंजाब में होने वाले प्रांतीय चुनाव को स्थगित करने का आदेश दिया है। चुनाव आयोग ने देश में कानून व्यवस्था की खराब स्थिति का हवाला देते हुए चुनाव स्थगित करने का आदेश दिया है।
इमरान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ कर रही विरोध
चुनाव आयोग के आदेश के बाद इसे इमरान खान के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। इमरान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ इसका विरोध कर रहे है। इस मुद्दे पर पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ने कहा कि देश में चुनाव करवाने के लिए पैसे नहीं है। ख्वाजा आसिफ ने ये भी कहा कि इमरान खान की पार्टी की तत्कालीन सरकारों द्वारा राज्य विधानसभाओं को भंग करना असंवैधानिक था। उन्होंने कहा कि देश की सत्ता से इमरान खान को संवैधानिक तरीके से ही बाहर किया गया था। वह विश्वास मत से हारे और अब वह कोर्ट के सामने भी पेश नहीं हो रहे हैं।

