राजधानी में अब प्रॉपर्टी टैक्स के भुगतान के लिए दिल्ली नगर निगम ने नियमों में बदलाव किया हैं। जिसके बाद लोगों को परेशानी का समाना करना पड़ सकता हैं। MCD द्वारा जारी एक बयान में कहा गया कि नगर निकाय 1 जुलाई से चेक के माध्यम से प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान स्वीकार नहीं करेगा।
दिल्ली नगर निगम द्वारा क्या है नया बदलाव
दिल्ली नगर निगम (MCD) द्वारा जारी एक बयान में कहा गया की नगर निकाय ने प्रॉपर्टी टैक्स के भुगतान को लेकर अपने पुराने नियमों में बदलाव किया है। जिसके बाद अब आगामी 1 जुलाई से निगम चेक के माध्यम से प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान स्वीकार नहीं करेगा। निगम ने बताया कि MCD ने कहा कि प्रॉपर्टी टैक्स के लिए चेक से भुगतान के दौरान निगम चेक बाउंस की समस्या जूझ रहा हैं, जिसके बाद यह फैसला लिया गया हैं।
1 जुलाई से इस माध्यम से प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान
MCD ने अपने एक बयान में कहा कि 1 जुलाई से संपत्ति कर (प्रॉपर्टी टैक्स) के लिए किए जाने वाले भुगतान यूपीआई, वॉलेट, डिमांड ड्राफ्ट, पे ऑर्डर या किसी भी ऑनलाइन पेमेंट गेटवे के माध्यम से करना होगा। निगम ने कहा कि चेक बाउंस होने से उत्पन्न कानूनी मुद्दों के कारण आगामी 1 जुलाई से इस माध्यम से प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान बंद कर दिया जाएगा।
ऑनलाइन टैक्स में भुगतान 10 प्रतिशत की छूट
इसके साथ साथ इलेक्ट्रॉनिक भुगतान को लेकर निगम ने कहा कि इस माध्यम से न केवल समय पर भुगतान और रसीद जारी होना सुनिश्चित होगा बल्कि व्यापार में भी आसानी होगी। इसके साथ साथ ही टैक्स पेयर्स आसानी से अपनी संपत्ति कर का भुगतान कर सकेंगे। इसके साथ साथ MCD ने खाली पड़ी जमीन और इमारतों के मालिकों और कब्जाधारियों से वर्ष 2024-25 के लिए टैक्स का भुगतान और 30 जून से पहले एकमुश्त भुगतान पर 10 प्रतिशत की छूट की घोषणा भी की है। टैक्स के भुगतान के लिए www.mcdonline.nic.in पर लॉग इन कर सकते हैं।

