Greater Noida News : पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के नेतृत्व में दादरी पुलिस ने हत्या का खुलसा किया हैं। आपको बता दें कि बीते 26 सितंबर की सुबह अज्ञात बदमाशों ने एक महिला की हत्या कर दी थी। महिला की हत्या गोली मारकर की गई थी। इस मामले में कोतवाली दादरी पुलिस ने बीते शनिवार को मुठभेड़ के दौरान महिला की हत्या करने वाले दो शूटर मोनू और अनिकेत को गिरफ्तार किया है। जिनकी निशान देही पर घटना में शामिल हत्या के षड्यंत्रकारी चार आरोपीयों को गिरफ्तार किया गया। इनके कब्जे से 50,000 कैश, हत्या में प्रयोग की गई मोटरसाइकिल और 2 तंमचा 315 बोर, 4 जिंदा कारतूस 315 बोर बरामद किया गया है।
क्या था मामला?
पुलिस ने बताया कि 26 सितम्बर की सुबह करीब 8ः30 बजे थाना दादरी क्षेत्र के अंतर्गत रहने वाली 40 वर्षीय राजकुमारी अपने घर से सूरजपुर जा रही थी। तभी घर से कुछ दूरी पर महिला को एक बाइक पर सवार दो बदमाशों ने गोली मार दी। घायल महिला को अस्पताल में इलाज के लिए ले जाया गया। जहां पर उसको डॉक्टरों द्वारा मृत घोषित कर दिया गया। राजकुमारी फ्लैट में काम-काज करके अपने परिवार का जीवन-यापन करती थी।
अपराध करने का तरीका
मृतका अपने पति के शराब पीने तथा लोगों से कर्जा लेने की आदतों से परेशान थी। महिला ने जितेन्द्र उर्फ जित्तू से एक वर्ष पहले अपने पति को रास्ते से हटाने व जीतू के साथ रहने की बात कहने पर मृतका की काल रिकार्डिंग जितेन्द्र उर्फ जित्तू ने उसके पति पुष्पेन्द्र को सुनाई। जिससे पुष्पेन्द्र कुंठित हो गया और उसने अपनी पत्नी को ठिकाने लगाने हेतु अपने चाचा कुशलपाल उर्फ लूरे को अपनी योजना बताई। चूंकि जितेन्द्र उर्फ जित्तू पर मृतका का एक लाख रूपया तथा कुशलपाल उर्फ लूरे पर मृतका का 2 लाख 50 रूपये उधार थे इसलिये उक्त दोनो व्यक्तियों ने मृतका के पति पुष्पेन्द्र की योजना में सम्मिलित होकर अपने पड़ोसी कपिल गुर्जर जिस पर मृतका के 25 हजार रूपये उधार थे को भी अपनी योजना में शामिल कर लिया।
पुष्पेन्द्र ने बनवाई लॉकर की डुप्लीकेट चाबी
मृतका के पति पुष्पेन्द्र को कथित जानकारी थी कि मृतका के 6 लाख रूपये उसके लॉकर में रखे हुए हैं। लॉकर की डुप्लीकेट चाबी पुष्पेन्द्र द्वारा बनवा ली गयी थी। सरस्वती विहार स्थित मकान मृतका के नाम था। मृतका का मकान व लॉकर में रखे 6 लाख रूपये हड़पने के उद्देश्य से मृतका के पति पुष्पेन्द्र द्वारा अपने सहयोगी कपिल गुर्जर, कुशलपाल उर्फ लूरे, जितेन्द्र उर्फ जित्तू को यह बताकर अपनी योजना में शामिल किया गया कि उनका उधार महिला के मरने पर खत्म हो जायेगा।
सरस्वती विहार कालोनी में की गई महिला की हत्या
इस योजना के तहत कपिल गुर्जर द्वारा पुष्पेन्द्र, लूरे उर्फ कुशलपाल तथा जितेन्द्र उर्फ जित्तू से 2 लाख 30 हजार रूपये में महिला की हत्या के लिये अपने चचेरे भाई अरविन्द उर्फ मोनू तथा उसके मित्र अनिकेत को तैयार किया। कपिल गुर्जर ने मृतका की हत्या के लिये एडवान्स के रूप में कान्ट्रेक्ट किलर अरविन्द उर्फ मोनू व अनिकेत को 13000/- कैश व आनलाइन ट्रान्जक्शन के माध्यम से दिये गये तथा शेष रूपये मृतका की हत्या के बाद देना तय हुआ। 26 सितंबर को कपिल गुर्जर द्वारा मृतका की रैकी कर उसकी खबर अरविन्द उर्फ मोनू तथा अनिकेत को दी गयी एवं अरविन्द उर्फ मोनू तथा अनिकेत ने सरस्वती विहार कालोनी दादरी में महिला की हत्या की घटना को अंजाम दिया गया।
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पहले भी रची गई थी हत्या की साजिश
इससे लगभग एक वर्ष पूर्व मे भी पुष्पेन्द्र द्वारा अपनी पत्नि की हत्या के उद्देश्य से जीतू के साले मूले के साले को 01 लाख रूपया दिया गया था पर उसने हत्या ना करके रूपयों को हड़प लिया था। DCP साद मियां खान ने बताया कि मृतक महिला के पड़ोसी कपिल गुर्जर, कुशल पाल, जितेंद्र और मृतका राजकुमारी के पति पुष्पेंद्र चारों ने मिलकर हत्या का षड्यंत्र रचा। घटना को अंजाम देने के लिए पीड़ोसी कपिल गुर्जर ने हायर किए थे दोनों शूटर।
महिला के पति समेत चार आरोपी अरेस्ट
इसके बाद पूरी घटना को दोनों शूटरो ने महिला की घर से कुछ दूरी पर गोली मारकर हत्या कर दी। डीसीपी साद मियां खान ने बताया कि दोनों शूटर मोनू और अनिकेत को बीते दिन शनिवार को मुठभेड़ में दादरी पुलिस की घेराबंदी के दौरान दोनों बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी है जहां घायल अवस्था में गिरफ्तार किया गया, जिनके निशान देही पर मृतका के पति समेत चार और आरोपी को अरेस्ट किया गया।

