Greater Noida: ग्रेटर नोएडा वेस्ट से बड़ी खबर सामने आई है। शुक्रवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने बिसरख गांव के डूब क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 50 हजार वर्ग मीटर जमीन को अतिक्रमण मुक्त कर दिया। यह कार्रवाई प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर की गई।
डूब क्षेत्र में हो रही थी अवैध प्लॉटिंग
प्राधिकरण के जीएम ए.के. सिंह ने बताया कि बिसरख गांव के डूब क्षेत्र (खसरा संख्या 322, 323, 324, 325, 331, 332 और 333) में कुछ कालोनाइजर अवैध कॉलोनी बसाने की कोशिश कर रहे थे। यह जमीन प्राधिकरण के अधिसूचित क्षेत्र में आती है और इसमें अधिग्रहित जमीन भी शामिल है।
तीन घंटे तक चला बुलडोजर
शुक्रवार को प्राधिकरण की टीम ने अतिक्रमण हटाने की यह कार्रवाई तीन घंटे तक चलाई। इस दौरान तीन जेसीबी और दो डंपर का इस्तेमाल किया गया। परियोजना विभाग के वर्क सर्कल-3 के प्रभारी राजेश निम, प्रबंधक रोहित गुप्ता और सहायक प्रबंधक राजीव कुमार ने प्राधिकरण के सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी में अभियान को अंजाम दिया।
सीईओ एनजी रवि कुमार ने दिए कड़े निर्देश
प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार ने स्पष्ट किया कि डूब क्षेत्र में किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसी गतिविधियों में शामिल लोगों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करें।
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एसीईओ प्रेरणा सिंह की अपील
प्राधिकरण की एसीईओ प्रेरणा सिंह ने जनता से अपील की है कि जमीन खरीदने से पहले प्राधिकरण से जांच-पड़ताल अवश्य करें। उन्होंने कहा, “अधिसूचित क्षेत्र में किसी भी तरह का अवैध निर्माण स्वीकार्य नहीं है। लोग अपनी मेहनत की कमाई अवैध कॉलोनियों में न लगाएं।”
सतर्कता बरतने की सलाह
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने आम जनता को आगाह किया है कि डूब क्षेत्र में जमीन खरीदने या निर्माण कार्य से बचें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्राधिकरण को दें।

