सीबीआई ने 24 हॉक विमान की खरीद में सरकार के साथ ‘धोखाधड़ी’ करने के आरोप में ब्रिटिश कंपनी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। ब्रिटिश एयरोस्पेस कंपनी रोल्स रॉयस इंडिया के निदेशक टिम जोन्स समेत अन्य कई लोगों का नाम एफआईआर में आया है। सीबीआई का कहना है कि रोल्स रॉयस ने कथित तौर पर भारतीय बिचौलियों को लाइसेंस शुल्क बढ़ाने और कंपनी के कर मामलों की जांच रोकने के लिए 1 मिलियन पाउंड की रिश्वत दी है।
सीबीआई ने रोल्स रॉयस से हॉक विमान की खरीद के मामले में कथित रूप से भारत सरकार को धोखा देने के लिए ब्रिटिश एयरोस्पेस कंपनी रोल्स रॉयस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और अज्ञात अधिकारियों के साथ-साथ निजी व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। केंद्रीय जांच एजेंसी सीबीआई ने कहा कि सरकारी कर्मचारियों ने अपने आधिकारिक पदों का दुरुपयोग किया है। अपने पदों का दुरूपयोग करके उन्होंने कुल 24 हॉक 115 एडवांस जेट ट्रेनर (एजेटी) विमान 734.21 मिलियन जीबीपीसे खरीदे। सीबीआई ने दावा किया है कि इसके बदले अधिकारियों से बिचौलियों तक निर्माता कंपनी की ओर से भारी रिश्वत और कमीशन का भुगतान किया गया है।

