नए संसद भवन के उद्घाटन को लेकर विपक्ष भाजपा पर निशाना साधता रहा कांग्रेस समेत पूरा विपक्षी दल पीएम मोदी की जगह राष्ट्रपति के द्वारा उद्घाटन को लेकर अड़ा रहा लेकिन विवादों के बाद आज यानि 28 मई को देश को नया संसद भवन मिल गया है और ये दिन ऐतिहासिक दिन हो गया है। वहीं अब कांग्रेस के बीच में नए संसद को लेकर दो राय बंट गई है।
भव्य संसद भवन के उद्घाटन पर आचार्य प्रमोद कृष्णम का ट्वीट आया उन्होंने अपनी ही पार्टी समेत विपक्ष पर कटाक्ष किया है। ट्विट कर आचार्य ने लिखा है- ‘धर्म “दण्ड”स्थापित हो गया देवता “पुष्प” बरसाने लगे और “गधे” चिल्लाने लगे उनका ये ट्विट खुद की पार्टी के साथ तमाम विपक्षी दलों के लिए था।
वहीं सपा के राष्ट्रीय महासचिव स्वामी प्रसाद मौर्य अपने विवादित बयानों के लेकर सुर्खियों में बने रहते हैं अब सेंगोल राजदंड की स्थापना पूजन पर दक्षिण के पंडितो पर मौर्य ने विवादित टिप्पणी करते हुए कहा कि केवल दक्षिण के कट्टरपंथी ब्राह्मण गुरुओं को बुलाया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। देश के गौरवशाली राजदंड सेंगोल के स्थापना पर देश के सभी धर्म गुरुओं यथा- बौद्ध धर्माचार्य (भिक्षुगण), जैन आचार्य (ऋषि), गुरु ग्रंथी साहब, मुस्लिम धर्मगुरु (मौलाना), ईसाई धर्मगुरु (पादरी) आदि सभी को आमंत्रित किया जाना चाहिए था। ऐसा ना कर के बीजेपी ने अपनी दूषित मानसिकता और घृणित सोच को दर्शाया है।
सेंगोल राजदंड की स्थापना पूजन में केवल दक्षिण के कट्टरपंथी ब्राह्मण गुरुओं को बुलाया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। भाजपा सरकार का यदि पंथनिरपेक्ष संप्रभु-राष्ट्र भारत में विश्वास होता तो देश के सभी धर्म गुरुओं यथा- बौद्ध धर्माचार्य (भिक्षुगण), जैन आचार्य (ऋषि), गुरु ग्रंथी साहब,…
— Swami Prasad Maurya (@SwamiPMaurya) May 28, 2023
भाजपा ने स्वामी प्रसाद मौर्य के इस विवादित टिप्पणी का करार जवाब देते हुए कहा कि सपा का इस तरह की टिप्पणी करना इन पवित्र अधीमों और हिंदू धर्म की विविधता का अपमान है।

