उत्तर प्रदेश के लखनऊ में दो दिवसीय आयोजित ‘लखनऊ कौशल महोत्सव’ में सीएम योगी ने रविवार को कहा कि उनकी सरकार ‘मिशन रोजगार’ अभियान चला रही है, जिसके तहत अगले तीन-चार साल में दो करोड़ से अधिक युवाओं को रोजगार मुहैया कराया जाएगा। सीएम योगी ने लखनऊ (Lucknow) में संबोधन के दौरान ये बात कही है।
राष्ट्रीय कौशल विकास मिशन और उत्तर प्रदेश सरकार के सहयोग से लखनऊ के कॉल्विन तालुकदार कॉलेज में आयोजित दो दिवसीय ‘लखनऊ कौशल महोत्सव’ के समापन समारोह को संबोधित करते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश के का कौशल विकास करके राज्य देश की अर्थव्यवस्था में विकास के इंजन के रूप में काम कर सकता है।
सीएम योगी ने कहा, ‘‘हमारी सरकार ने ”सीएम अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग” शुरू की है और इससे प्रदेश के साढ़े सात लाख युवाओं को लाभ होगा।’’ उन्होंने कहा, ‘‘विश्वविद्यालय और महाविद्यालय में पढ़ने वाले युवाओं को अप्रेंटिसशिप योजना के तहत आधा मानदेय सरकार और आधा संबंधित औद्योगिक प्रतिष्ठान देंगे. उनको हम अनुभवजन्य कार्य और नये प्रशिक्षण के साथ जोड़ने का कार्य करेंगे.’’
सीएम योगी ने संबोधन में की ये मुख्य बातें
सीएम योगी ने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जब राष्ट्रीय कौशल विकास मिशन की घोषणा की थी तो लोगों को यह लगता था कि यह मिशन क्या कर पाएगा। आज करोड़ों नौजवानों की भावनाओं को इस मिशन ने एक नई उड़ान, पहचान और मंच दिया है।’’ उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने पिछले छह साल में 16 लाख युवाओं का पीएम कौशल विकास मिशन, उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन और श्रम एवं सेवायोजन के माध्यम से कौशल विकास किया है।
केन्द्र और राज्य की सरकार की योजनाओं का ब्यौरा देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, ”अब हमारे युवा को पलायन नहीं करना पड़ेगा, उसे उसके गांव और उसके जिले में रोजगार प्राप्त होगा। इससे प्रधानमंत्री मोदी के विजन के अनुरूप उत्तर प्रदेश देश की अर्थव्यवस्था के ग्रोथ इंजन की भूमिका का निर्वहन कर सकेगा।”
उन्होंने कहा, ‘‘हमारी सरकार ‘एक फैमली एक आई कार्ड’ ( एक परिवार-एक पहचान पत्र) शुरू करने जा रही है और इसके माध्यम से हम प्रदेश के हर एक परिवार की मैपिंग करने जा रहे हैं. इससे हम एक क्लिक पर जान लेंगे कि शासन की कौन सी योजना और रोजगार किस परिवार को नहीं मिला है और उसे वह उपलब्ध कराएंगे।’’
वहीं आज सीएम योगी ने गन्ना उत्पादक किसानों को लेकर कहा आज गन्ना उत्पादक किसानों के लिए 77 ट्रैक्टर और मशीनरी उपलब्ध कराई जा रही है। होली की पूर्व संध्या पर उन्हें इस प्रकार का उपहार मिलना वास्तव में ये होली के आनंद को कई गुना बढ़ा देगा। हम सब जानते हैं कि 2014 के पहले किसानों की क्या स्थिति थी?

