Varanasi News: नए साल के स्वागत से पहले ही वाराणसी में श्रद्धालुओं और पर्यटकों की जबरदस्त भीड़ उमड़ पड़ी है। इन दिनों काशी में आम दिनों के मुकाबले करीब दस गुना ज्यादा लोग पहुंच रहे हैं। धार्मिक आस्था और घूमने-फिरने का रंग लिए पूरा शहर गुलजार नजर आ रहा है। मंदिरों और घाटों से लेकर सांस्कृतिक स्थलों और खाने-पीने की गलियों तक हर जगह रौनक है।
प्रशासन के मुताबिक गंगा घाटों से लेकर सारनाथ और शहर के प्रमुख धार्मिक रास्तों पर दिन-रात लोगों की आवाजाही बनी हुई है। बड़ी संख्या में लोग पुराने साल को विदा करने और नए साल की शुरुआत बाबा विश्वनाथ के दर्शन से करना चाहते हैं। इसी वजह से होटल, गेस्ट हाउस और धर्मशालाएं लगभग पूरी तरह भर चुकी हैं।
काशी विश्वनाथ मंदिर मार्ग पर खास व्यवस्था
काशी विश्वनाथ मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या सबसे ज्यादा है। इसे देखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने खास इंतजाम किए हैं। संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय के मुख्य गेट के पास ही बड़े वाहनों को रोक दिया जा रहा है। आपात स्थिति को छोड़कर शहर के अंदर सिर्फ दोपहिया वाहनों को ही जाने की इजाजत दी जा रही है।
बड़े वाहनों पर रोक, कई रास्तों पर डायवर्जन
गदौलिया, चौक, घाट मार्ग और संकट मोचन मंदिर की ओर जाने वाले रास्तों पर भी भारी भीड़ को देखते हुए अलग-अलग जगहों पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू किया गया है। प्रशासन का कहना है कि इससे जाम से बचा जा सकेगा और श्रद्धालुओं को आने-जाने में परेशानी नहीं होगी।
माघ मेले तक जारी रहेगी सख्ती
प्रशासन ने साफ कहा है कि जनवरी के पहले हफ्ते से शुरू होने वाले माघ मेले को देखते हुए यह सख्ती आगे भी जारी रहेगी। अधिकारियों के मुताबिक, प्रयागराज महाकुंभ के दौरान जैसी भीड़ काशी में देखने को मिली थी, वैसी ही भीड़ माघ मेले में भी आने की संभावना है। इसलिए ट्रैफिक और सुरक्षा व्यवस्था में किसी तरह की ढील नहीं दी जाएगी।
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