Ghaziabad News: शालीमार गार्डन पुलिस ने दंपत्ति की आत्महत्या मामले में मुख्य आरोपी धैर्य नेगी और एक अन्य को गिरफ्तार किया है। एसीपी शालीमार गार्डन सलोनी अग्रवाल ने बताया कि मामले में नौ लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। गिरफ्तार किए गए दोनों लोगों ने पंकज और उसकी पत्नी रीना गुप्ता को पैसे के लिए धमकाने की बात कबूल की है।
गिरफ्तार आरोपियों के बारे में जानें
31 वर्षीय धैर्य नेगी पुत्र महेंद्र पाल सिंह मूल रूप से हरिद्वार के ज्वालापुर का रहने वाला है और फिलहाल शालीमार गार्डन में रहता है। पुलिस हिरासत में दूसरा आरोपी श्याम मूल रूप से मणिपुर का रहने वाला है। 46 वर्षीय श्याम पुत्र ताओमचौ वर्तमान में दिल्ली के पालम इलाके में रहता है। उसे भोपुरा में शराब की दुकान के पास से गिरफ्तार किया गया। श्याम उस फ्लैट के मालिक थाओ लंटुई कौथे का दोस्त है, जहां पंकज का परिवार रहता था।
क्रॉस रिवर मॉल में खोला क्लब
पूछताछ के दौरान धैर्य नेगी ने पुलिस को बताया कि अक्टूबर 2021 में उन्होंने दिल्ली के क्रॉस रिवर मॉल में “4 क्वार्टर” नाम से एक क्लब खोला था। इसमें पंकज गुप्ता की 50 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। धैर्य के अनुसार, शेष 50 प्रतिशत हिस्सेदारी उसके, रजत तोमर और विनय उर्फ कपिल के बीच बंटी थी। दिसंबर 2021 में क्लब बंद हो गया और करीब एक साल तक बंद रहा, इस दौरान 48 लाख रुपये का किराया बकाया हो गया। 2023 में उन्होंने काफी नुकसान में क्लब बेच दिया। इस नुकसान की भरपाई के लिए धैर्य ने पंकज गुप्ता से पैसे मांगे।
मार्केटिंग कंपनी में घाटा
डीसीपी ट्रांस हिंडन निमिश पाटिल ने बताया कि क्लब बंद होने के बाद पंकज गुप्ता शालीमार गार्डन, साहिबाबाद, इंदिरापुरम और वैशाली इलाकों में एक मार्केटिंग कंपनी में काम करने लगा। हालांकि, दिसंबर 2022 में वह काम भी बंद हो गया, जिससे पंकज को काफी आर्थिक नुकसान हुआ। इस दौरान फ्लैट मालिक के दोस्त श्याम ने भी दो लाख रुपये किराया देने की धमकी देनी शुरू कर दी।

