Greater Noida: उत्तर प्रदेश के विकास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर राज्य के मुख्य वास्तुकार और योजनाकार द्वारा महत्वाकांक्षी मास्टर प्लान 2041 को मंजूरी दिए जाने के साथ ही स्थापित हो गया है। इस खबर की घोषणा बुधवार को यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने की। डॉ. सिंह ने बताया कि मास्टर प्लान को अब अंतिम मंजूरी के लिए राज्य सरकार के पास भेजा जाएगा। उन्होंने जोर देकर कहा, “राज्य सरकार का अनुमोदन अंतिम चरण होगा। उसके बाद ही नया मास्टर प्लान लागू किया जाएगा।”
डॉ. सिंह ने आगे बताया कि मास्टर प्लान YEIDA क्षेत्र के समग्र विकास के लिए एक व्यापक रूपरेखा की रूपरेखा तैयार करता है। इसमें औद्योगिक, आवासीय, वाणिज्यिक और संस्थागत क्षेत्रों के विकास पर विशेष जोर दिया गया है। इसके अतिरिक्त, हरित क्षेत्रों और मनोरंजक सुविधाओं के लिए प्रावधान शामिल किए गए हैं। इस योजना के तहत प्रमुख परियोजनाओं में जेवर में नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे का विकास, एक फिल्म सिटी और एक लॉजिस्टिक्स हब शामिल हैं। इस योजना का लक्ष्य 2041 तक लगभग 4 से 4.2 मिलियन लोगों को समायोजित करना है।
YEIDA के अधिकारियों का मानना है कि यह मास्टर प्लान क्षेत्र में रोजगार सृजन और निवेश आकर्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इससे पर्यावरण संरक्षण और आर्थिक विकास के बीच संतुलन बनाने में भी मदद मिलने की उम्मीद है। अब सभी की निगाहें राज्य सरकार के फैसले पर टिकी हैं। अनुमान है कि मास्टर प्लान को जल्द ही अंतिम मंजूरी मिल जाएगी, जिससे यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र के विकास में तेजी आएगी।
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यमुना सिटी मास्टर प्लान 2041 की मुख्य विशेषताएं
- व्यापक कवरेज: यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) मास्टर प्लान 2041 उत्तर प्रदेश में यमुना एक्सप्रेसवे के साथ क्षेत्र के लिए एक व्यापक शहरी विकास रणनीति है। प्राधिकरण का कवरेज छह जिलों में लगभग 2,689 वर्ग किलोमीटर तक फैला हुआ है।
- जनसंख्या अनुमान: योजना का लक्ष्य 2041 तक लगभग 4 से 4.2 मिलियन लोगों को समायोजित करना है।
- फोकस क्षेत्र: विकास औद्योगिक विकास, आवासीय क्षेत्रों, वाणिज्यिक स्थानों, संस्थागत क्षेत्रों, नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे, एक विमानन केंद्र, एक फिल्म सिटी, हरित स्थान और मनोरंजक सुविधाओं पर केंद्रित होगा।
- बुनियादी ढांचे का विकास: योजना परिवहन नेटवर्क, जल आपूर्ति और अपशिष्ट प्रबंधन प्रणाली, बिजली वितरण और डिजिटल कनेक्टिविटी को बढ़ाने पर जोर देती है।
- प्रमुख परियोजनाएँ: प्रमुख परियोजनाओं में जेवर में नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा, एक फिल्म सिटी और एक लॉजिस्टिक्स और परिवहन केंद्र शामिल हैं।
- सतत विकास उपाय: मास्टर प्लान में हरित गलियारे, नवीकरणीय ऊर्जा एकीकरण और जल संरक्षण रणनीतियाँ शामिल हैं।
- आर्थिक लक्ष्य: योजना का उद्देश्य रोजगार पैदा करना, निवेश आकर्षित करना और आईटी, इलेक्ट्रॉनिक्स और विनिर्माण जैसे क्षेत्रों को बढ़ावा देना है। इसका उद्देश्य एक आधुनिक, टिकाऊ शहरी पारिस्थितिकी तंत्र बनाना है जो आर्थिक विकास को पर्यावरण संरक्षण के साथ संतुलित करता है।

