Noida के सेक्टर 53 में तेज रफ्तार ऑडी की टक्कर से मारे गए 63 वर्षीय व्यक्ति के बेटे ने पुलिस पर धीमी जांच का आरोप लगाया है और कहा है कि दुर्घटना की खौफनाक सीसीटीवी फुटेज का इंतजाम उनके परिवार ने ही किया था। ज्ञात हो कि जनक देव शाह को कल उस समय तेज रफ्तार लग्जरी कार ने टक्कर मार दी जब वे पास के डिपो से दूध लेने के लिए निकले थे। उनके बेटे संदीप ने मीडिया को बताया कि उन्हें सुबह 6 बजे दुर्घटना के बारे में पता चला। संदीप ने कहा कि मैं टहलने के लिए जा रहा था, तभी मेरे पड़ोसी ने आकर मुझे बताया कि मेरे पिता का एक्सीडेंट हो गया है। मैं तुरंत मौके पर पहुंचा। तब तक एक पीसीआर वैन मेरे पिता को अस्पताल ले जा चुकी थी। हम सेक्टर 34 के मानस अस्पताल गए। वहां हमें बताया गया कि वे अब नहीं रहे।
Noida पुलिस कर रही मामले की जांच
पिता के एक्सीडेंट की शिकायत को लेकर संदीप शाह ने बताया कि जब वे पुलिस के पास शिकायत दर्ज कराने गए तो उन्हें पहले पोस्टमार्टम करवाने को कहा गया, फिर पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद एफआईआर दर्ज की गई। वहीं इस मामले को लेकर पुलिस के एडिशनल डीसीपी मनीष मिश्रा ने बताया कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। कार और उसके ड्राइवर का अभी तक पता नहीं चल पाया है।
पुलिस पर धीमी जांच का आरोप
वहीं इस मामले में Noida पुलिस द्वारा की जा रही कार्यवाही को लेकर संदीप ने पुलिस पर धीमी जांच का आरोप लगाया। संदीप ने कहा कि हमने अपने परिवार का मुखिया खो दिया है, इसलिए आप समझ सकते हैं कि अब हमारी मानसिक स्थिति क्या है। प्रशासन को हमारी मदद करनी चाहिए। संदीप ने बताया कि उनके पिता ऑल इंडिया रेडियो में काम करते थे और तीन साल पहले ही सेवानिवृत्त हुए थे।
लोग देखकर काम करती है प्रशासन : पड़ोसी
वहीं एक पड़ोसी ने Noida पुलिस पर आरोप लगाया कि जब परिवार स्थानीय पुलिस स्टेशन पहुंचा और मामले की ताजा जानकारी मांगी, तो पुलिस वाले ने जवाब दिया कि “उनके पास बहुत काम है, सिर्फ यही मामला अकेला नहीं है। हम उन पर अलग-अलग कोणों से जांच करने का दबाव बना रहे हैं। क्या हम पुलिस हैं? पड़ोसी ने कहा कि जब बड़ी कारें लोगों को टक्कर मारती हैं, तो कोई कार्रवाई नहीं की जाती। अगर वह कोई आम आदमी होता, तो उसे उठा लिया जाता। हम उन्हें दिखा रहे हैं कि यह एक ऑडी है, वे इसे ‘सफेद कार’ कहने पर जोर दे रहे हैं। हर व्यक्ति को न्याय पाने का अधिकार है।

