World Cup 2023 Final: भारतीय क्रिकेट टीम ने चौथी बार एक दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय (ODI) विश्व कप के फाइनल में जगह पक्की कर ली है। भारत ने कल मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में न्यूजीलैंड के खिलाफ सेमीफाइनल मुकाबले में जबरदस्त जीत हासील की है। विराट कोहली और श्रेयस अय्यर के शानदार प्रदर्शन और दोनों के शतकों और शमी के 7 विकेटों की मदद से भारत ने 70 रनों से विशाल जीत हासिल की।
बता दें कि भारत इससे पहले दो बार वनडे विश्व कप जीत चुका है, पहली बार 1983 में कपिल देव की कप्तानी में और फिर 2011 में महेंद्र सिंह धोनी के नेतृत्व में। कप्तान रोहित शर्मा के नेतृत्व में फैंस को अब तीसरे खिताब का बेसब्री से इंतजार है। 2023 विश्व कप का फाइनल 19 नवंबर को अहमदाबाद में होगा।
वनडे वर्ल्ड कप फाइनल में भारत का अब तक का सफर:
1983: भारत की पहली जीत
भारत ने कपिल देव की कप्तानी में अपना पहला क्रिकेट विश्व कप खिताब 1983 में जीता था। पहले बल्लेबाजी करते हुए, भारत ने 183 रन बनाए, जिसमें के श्रीकांत ने 57 गेंदों पर 38 रनों का योगदान दिया, जिसमें 7 चौके और एक छक्का शामिल था। जवाब में वेस्टइंडीज की टीम 140 रन पर आउट हो गई. भारत के लिए मोहिंदर अमरनाथ और मदन लाल ने 3-3 विकेट लेकर अहम भूमिका निभाई, जबकि बलविंदर संधू ने 2 विकेट और कपिल देव ने 1 विकेट हासिल किया। यह ऐतिहासिक जीत भारतीय क्रिकेट इतिहास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुई।
2003: फाइनल में ऑस्ट्रेलिया से हार
2003 में भारत फाइनल में पहुंचा लेकिन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा। ऑस्ट्रेलिया ने 359 रनों का लक्ष्य रखा और जवाब में भारत 234 रन ही बना सका. ऑस्ट्रेलिया के लिए रिकी पोंटिंग ने 140 रनों की शानदार पारी खेली, जबकि भारत के लिए वीरेंद्र सहवाग ने 82 रन बनाए.
2011: श्रीलंका के ख़िलाफ़ जीत
2011 में, भारत ने महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में जीत हासिल करते हुए अपना दूसरा क्रिकेट विश्व कप खिताब हासिल किया। फाइनल में श्रीलंका ने 6 विकेट खोकर कुल 274 रन बनाए। जवाब में भारत ने 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। भारत के लिए गौतम गंभीर ने 97 रनों की अहम पारी खेली, जबकि धोनी ने नाबाद 91 रनों का योगदान दिया. जहीर खान और युवराज सिंह ने 2-2 विकेट लिए और हरभजन सिंह ने 1 विकेट लिया। 2011 विश्व कप फाइनल में यह जीत भारतीय क्रिकेट के लिए एक और ऐतिहासिक उपलब्धि थी।

