भगवान शिव की नगरी काशी में भगवान विष्णु के अवतार भगवान जग्गनाथ की तीन दिवसीय रथयात्रा मेला शुरू हुआ इस मेले में भगवान जग्गनाथ अपने बहन सुभद्रा और भाई बलराम के साथ भक्तो को दर्शन दिया मान्यतायो के अनुसार काशी के इस दर्शन लाभ का पुण्य पुरी के भगवान दर्शन के समतुल्य माना जाता है।
उड़ीसा स्थित पुरी के प्रसिद्ध रथयात्रा मेले के शुरुआत के साथ ही प्रति वर्ष काशी में भी रथयात्रा की शुरुआत होती है पुरी की तरह ही यहाँ भी भगवान जगन्नाथ अपनी बहन और भाई के साथ विशाल रथ पर सवार होकर नगर के रथयात्रा क्षेत्र में भक्तो को दर्शन देते है , पुरी का रथयात्रा मेला 15 दिवसीय होता है जबकि यहाँ का मेला तीन दिन का होता है। इस मेले में भक्तो की लाखों की संख्या में भाग लेने की वजह से इसे लख्खा मेला भी कहते है। मान्यताओं के अनुसार इसी मेल से काशी में पर्व और त्योहारों की शुरुआत हो जाती हैं।
तीन दिनों तक चलने वाले इस मेले की शुरुआत आज भगवान भाष्कर के लालिमा के साथ मंगला आरती से हुआ, अपने आराध्य के दर्शन के लिए सुबह पौ फटने के पहले ही भक्तो की भीड़ दिखा ..कल शाम भगवान अस्सी स्थित मंदिर से डोली पर सवार होकर यहाँ पहुचे थे और मध्य रात्रि में रथ के पूजन के बाद भगवान् अपने भाई और बहन के साथ विराजमान कराये जाते हैं, आज भगवान जग्गनाथ का सुवर्ण से श्रृंगार किया जाता है। ये श्रृंगार प्रतिदिन अलग अलग ठंग से होता हैं।

