उत्तर प्रदेश के कैसरगंज से बीजेपी सांसद और भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह और पहलवानों के बीच यौन उत्पीड़न के मामलों पर दंगल लगातार जारी हैं। पहलवानों और बृजभूषण शरण सिंह के बीच के इस दंगल ने मानो देश की नींदें ही उड़ा दी हैं और जिस तरीके से रोजाना इस धरने के अखाड़े में फेर बदल हो रहे हैं उसे देखकर अब यह धरना सिर्फ धरना नहीं बल्कि मान सम्मान और आत्मस्वाभिमान की बात हो गयी।
दरअसल पहलवानों और बृजभूषण शरण सिंह के बीच उठा पटक अपनी चरम सीमा पर हैं इतना ही नहीं दोनों एक दूसरे की छक्के छुड़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। लगभग 2 महीने होने जा रहे पहलवानों के इस धरने ने मानो दुनिया भर में हाहाकार मचाया हुआ हैं। पहलवानो को किसानो का समर्थन मिलने से लेकर,पहलवानों को नई संसद भवन के उद्धघाटन के दिन घसीटना,हरिद्वार तक मैडल बहाने पहुंच जाना और फिर वापस आना पूरी दुनिया ने यह तमाशा देखा और कई सवाल भी खड़े किए। अब पहलवानों और बृजभूषण के बीच आर पार की लड़ाई शुरू हो गयी है।
आगे की लड़ाई की रणनीति का ऐलान करेंगे
बता दें कि हाल ही में पहलवानों ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग ठाकुर से मुलाकात की और बृजभूषण पर कार्रवाई की बात दोहराई। दोनों ही केंद्रीय मंत्रियों ने पहलवानों को आश्वासन दिया था कि 15 जून तक बृजभूषण के खिलाफ चार्ज शीट दाखिल हो जाएगी। इसके बाद पहलवानों ने भी खाप पंचायत में ऐलान किया था कि अगर 15 तारीख तक बृजभूषण पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो हम आगे की लड़ाई की रणनीति का ऐलान करेंगे।
बहरहाल, आज ही वह दिन है जिसका सभी को इंतज़ार था। आज 15 जून है और आज ही वह डेडलाइन है जिसे केंद्रीय मंत्री ने दिया था। आज का दिन बृजभूषण और पहलवानों के लिए काफी अहम है। बता दें कि दिल्ली पुलिस ने 5 देशों के महासंघों को पत्र लिखकर बृजभूषण शरण सिंह द्वारा यौन उत्पीड़न के संबंध में फोटो,वीडियो आदि सबूतों की जानकारी मांगी है लेकिन फिलहाल उन पांचो देशों के जवाब का इंतज़ार हैं तो दूसरी और अधिकारियों ने बताया कि जवाब मिलने के बाद ही पूरक आरोपपत्र दाखिल किए जाएगा जिसका मतलब हैं कि दिल्ली पुलिस फ़िलहाल उन 5 देशों पर निर्भर हैं जिससे एक बात तो साफ़ हैं कि अगर सबूत आए तो ही चार्जशीट दाखिल होगी।
सुप्रीम कोर्ट पर पूरा विश्वास हैं
खैर, पहलवानों को तो 15 जून तक धरना न करने के निर्देश मिले है लेकिन पहलवानों के समर्थन में और MSP की मांग को लेकर किसान फ़िलहाल धरने पर हैं,और हाल ही में एक महापंचायत की जिसमे पहलवानों ने एक बार फिर सरकार को आड़े हाथों ले लिया और तो और अल्टीमेटम दे डाला की अगर 15 जून तक कार्यवाही नहीं हुई तो इससे भी बड़ा आंदोलन होगा , बता दें पहलवानों को किसानों का भरपूर समर्थन मिल रहा हैं,इतना ही नहीं किसान पहलवानों के इस धरने की आड़ में अपनी रोटी सेंक रहे हैं।
अब एक और जंहा भाजपा ने बृजभूषण शरण सिंह को पहलवानों के मामले में चुप्पी साधने के निर्देश दिए थे तो ऐसे में बीजेपी सांसद ने हाल ही में शक्ति प्रदर्शन रैली का आह्वान किया और अपनी शक्ति का प्रदर्शन किया और जताया कि वो कितना पाक साफ़ हैं। हालांकि यह रैली मोदी सरकार के 9 साल के कार्यकाल को गिनाने के लिए की गयी थी। अब क्योंकि बृजभूषण सीधे सीधे तो पहलवानों को आड़े हाथों ले नहीं सकते थे इसलिए बृजभूषण ने अपनी मन की भड़ास शायराना अंदाज़ में निकाली। हालांकि जब मीडिया ने पहलवानों से जुड़े सवाल पूछे तो बीजेपी सांसद ने यह कहकर कन्नी काट ली कि उन्हें सुप्रीम कोर्ट पर पूरा विश्वास हैं।
मैं राजनीति का नहीं, कांग्रेस का शिकार हूं
अब इस पूरे मामले में आज का दिन बेहद ख़ास हैं तो शायद बीजेपी सांसद की जुबां पर लगा ताला खुल गया और बृजभूषण शरण सिंह ने कांग्रेस को आड़े हाथों ले लिया। दरअसल भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष और बीजेपी सांसद बृजभूषण सिंह ने कहा कि मैं राजनीति का नहीं, कांग्रेस का शिकार हूं, कांग्रेस मेरी किस्मत में कुंडली मार कर बैठी है,इतना ही नहीं मुझको जो समस्या होती है, उसके पीछे कांग्रेस होती है।

